जौनपुर में भी आये थे, भारत से आकर्षित कलाकार

जौनपुर

 30-05-2020 09:40 AM
द्रिश्य 3 कला व सौन्दर्य

भारत सदैव से ही एक चमत्कारों का देश रहा है, ऐसी मान्यता थी की यह एक ऐसा देश था जहाँ पर यूनिकॉर्न (unicorn) पाया जाता था। भारत की ये सब बाते दुनिया भर से कईयों को भारत की ओर आकर्षित की, वैसे तो कई लेखक, चित्रकार और घुमक्कड़ भारत आये परन्तु इनमे से कुछ ऐसे भी थे जिन्होंने भारत के सौंदर्य को अपने चित्रों के जरिये दूसरों को दिखाने का कार्य किया था।

चार्ल्स बार्लेट ( Charles Bartlett) और योशिदा हिरोशी (Hiroshi Yoshida) ये दो ऐसे कलाकार थे जिन्होंने वन कॉमन वुडकट उकियो-ए-शिन-हैंगा (One Common Woodcut Ukiyo-e Shin-hanga) शैली की कई चित्रकलाएं भारत के विभिन्न धरोहरों को सहेज कर बनाया। चार्ल्स ने भारत, श्रीलंका (Srilanka), इंडोनेशिया (Indonesia), चीन (China) और जापान (Japan) की यात्रा की तथा वहां के सामान्य जीवन पर आधारित चित्रों को उन्होंने बनाया।

उनके द्वारा बनाए गए तमाम चित्र वुडब्लाक प्रिंट (Woodblock Print) पर आधारित हैं जो की कागज़ के आधार पर स्याही द्वारा बनाए गए हैं, इनके द्वारा बनाए गए चित्रों की शैली जापानी है जो की एक अत्यंत ही कठिन तकनिकी है। दिसंबर 1913 में बार्लेट और उनकी दूसरी पत्नी कैथरीन (Catherine) दुनियाभर की यात्रा के लिए रवाना हुए थे तथा 1914 फरवरी 3 को वे भारत पहुंचे तथा वे यहाँ पर 1915 तक पूरे एक वर्ष भारत और पाकिस्तान (Pakistan) की यात्रा किये।

बार्लेट ने यहाँ पर कई स्केचबुक (Sketchbook) भरे जो यहाँ के विभिन्न स्थानों पर आधारित थे जैसे की मदुरै, पांडिचेरी, बनारस, इलाहाबाद, जौनपुर, आगरा, श्रीनगर, पेशावर, अमृतसर, उदयपुर आदि। बार्लेट ने भारत में दो बार आगरा का दौरा किया जिसमे उन्होंने यहाँ पर ताजमहल के कई चित्र बनाए। भारत से जापान पहुचने के बाद उन्होंने टोक्यो (Tokyo) में वातानाबे शोजाबुरो (Watanabe Shōzaburō) से मिले जो की हैंग प्रिंट व्यवसाय के मालिक थे वहीँ पर उन्होंने भारत से सम्बंधित चित्रों को प्रकाशित करवाया।

इनके बनवाये गए उस पोर्टफोलियो (Portfolio) में जिल्द पर ताजमहल की चित्र बनायी गयी थी। इनके द्वारा जौनपुर का जो चित्र बनाया गया था वह जौनपुर किले के पास गोमती नदी के दूसरे ओर से बनाया गया था जिसमे वर्तमान समय में भी स्थित मंदिरों को दिखाया गया है।

महत्वपूर्ण - बार्लेट द्वारा बनाये गए जौनपुर के निम्न चित्र से जुड़ा लेख पड़ने के लिए यहाँ नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें।
https://bit.ly/2yQEDNc

चार्ल्स और योशिदा द्वारा बनाया गया चित्र जिस तकनिकी से बनाया गया था वह 17 वीं शताब्दी में विकसित हुयी थी जिसे की ओकियो-ए तकनिकी के रूप से जाना जाता था।

20वीं शताब्दी में जब फोटोग्राफी (Photography) का आगमन हो चुका था तब उस समय इस तकनिकी की लोकप्रियता कम हो गयी थी और ऐसे में शिन हैंग नामक नए कला का जन्म हुआ और जापानी कलाकारों द्वारा इस तकनिकी को पुनः जीवित करने की कोशिश की गयी, योशिदा इस क्रान्ति के अग्रदूतों में से एक थे। इन दोनों कलाकारों ने भारत के विभिन्न स्थानों को जिस प्रकार से अपने चित्रों में प्रदर्शित किया वह आज भी हमें दिखाई देता है।

योशिदा ने ताजमहल का अलग अलग चित्रण किया जैसे की सुबह, दोपहर और शाम जिसके कारण वे ताजमहल के अलग अलग रंगों को दिखा पाने में सक्षम हुए। योशिदा के भी चित्रों को वातानाबे ने ही छापने का कार्य किया था।

चित्र (सन्दर्भ):
1. मुख्य चित्र में योशिदा और बार्लेट के व्यक्ति चित्रण हैं। (Prarang)
2. दूसरे चित्र में योशिदा द्वारा बनाये गए ताजमहल के रात्रि, दोपहर और सुबह के चित्र हैं। (Hanga)
3. तीसरे चित्र में बार्लेट द्वारा बनाये गए ताजमहल के रात्रि, सुबह और निगमित दूरी चित्र हैं। (Charles Museum)
4. चौथे चित्र में योशिदा द्वारा बनाया गया ताजमहल मुख्य गुम्बद का चित्र है जो रात्रि और दिन में ताजमहल की सुंदरता बयान कर रहे हैं। (Wikimedia)
5. पांचवे चित्र में बार्लेट द्वारा गया अमृतसर का गान है। (Wikimedia)
6. छटे चित्र में योशिदा द्वारा बनाये गए दिल्ली जमा मस्जिद और साँची स्तूप के चित्र है। (Hanga)
7. सातवें चित्र में बर्लेट द्वारा बनाये गये अमृतसर और उदयपुर के दृस्य चित्र हैं। (Pinterest)
8. अंतिम चित्र योशिदा द्वारा अनाये गए दृस्य चित्र हैं जो क्रमशः विक्टोरिया मेमोरियल, ताजमहल ट्वाईलाईट और बनारस के घाट को प्रदर्हित कर रहे हैं। (Hanga)
सन्दर्भ:
1. https://southasia.typepad.com/south_asia_daily/2017/05/charles-bartlett-and-his-japanese-style-of-painting-india.html
2. https://qz.com/india/373357/photos-1930s-india-seen-in-japanese-woodblock-prints/
3. http://easternimp.blogspot.com/2015/12/charles-w-bartlett-and-taj-mahal.html
4. https://www.scoopwhoop.com/Japanese-Artist-Recreated-Images-Of-India/
5. http://www.myjapanesehanga.com/home/articles/print-genres---ukiyo-e-shin-hanga-sosaku-hanga
6. https://en.wikipedia.org/wiki/Sh%C5%8Dzabur%C5%8D_Watanabe



RECENT POST

  • भारतीय शिल्प निर्माण का अनूठा उत्पाद हैं, काली मिट्टी के बर्तन
    म्रिदभाण्ड से काँच व आभूषण

     21-09-2020 04:16 AM


  • ऐतिहासिक एलिफेंटा गुफाएं
    खदान

     20-09-2020 08:23 AM


  • व्यक्ति के बारे में कई जानकारियां हासिल कर पाने में सक्षम है, डीएनए परीक्षण (DNA Test)
    डीएनए

     19-09-2020 01:10 AM


  • बैटरियों का बैंक क्या है? क्या यहां वास्‍तव में बैटरियां मिलती है?
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     18-09-2020 02:29 AM


  • प्राचीन युद्धों के मुख्य किरदार और चतुरंग सेना के मुख्य खंड: हाथी
    हथियार व खिलौने

     17-09-2020 06:07 AM


  • खयाल गायकी
    ध्वनि 1- स्पन्दन से ध्वनि

     16-09-2020 02:18 AM


  • आखिर कितने तारे हैं ब्रह्माण्‍ड में?
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     15-09-2020 02:09 AM


  • आत्मा, मानव मृत्यु और अंतिम निर्णय से सम्बंधित है परलोक सिद्धांत
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     14-09-2020 04:19 AM


  • अपने राजसी एशियाई शेरों के लिए प्रसिद्ध है, गिर वन्यजीव अभयारण्य
    जंगल

     13-09-2020 04:13 AM


  • क्या जानवरों को भी होता है, दुःख का एहसास?
    व्यवहारिक

     12-09-2020 10:09 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.

    login_user_id