विश्व भर से कुछ प्रमुख नृत्य विधा

जौनपुर

 05-01-2020 07:24 AM
द्रिश्य 2- अभिनय कला

1. बॉलीवुड नृत्य (Bollywood Dance) - बॉलीवुड नृत्य हिंदी संस्कृति, कला और भारतीय फिल्म उद्योग को संदर्भित करता है। आज इस नृत्य को भारतीय फिल्मों के कारण विश्व भर में जाना जाता है। बॉलीवुड नृत्य सिर्फ एक प्रकार का नृत्य नहीं है अपितु इसमें कई सारी विधायें जैसे- बेली-डांसिंग, कत्थक, भारतीय लोक, पश्चिमी नृत्य, आधुनिक जैज़ और यहां तक पश्चिमी कामुक नृत्य शैलियाँ शामिल हैं।

2. बैले नृत्य (Ballet Dance) - नृत्य की इस शैली में महारथ हासिल करना बहुत मुश्किल है और इसके लिए काफी अभ्यास की आवश्यकता है। यह एक संतुलित शैली का नृत्य है जिसमें कई दूसरी नृत्य शैलियों की आधारभूत तकनीकें भी शामिल होती हैं। इस विधा में महिला नर्तकियों का ही बोलबाला होता है, यह विधा पूर्णरूप से स्पष्ट लहराना, सटीक एक्रोबैटिक मूवमेंट्स पर केंद्रित होता है और अक्सर नर्तकियों को पारंपरिक सफेद फ्रेंच परिधान (French Dress) में पेश किया जाता है।

3. फ्लामेंको (Flamenco) - फ्लेमेंको, गीत, नृत्य, और वाद्य संगीत का रूप जो आमतौर पर दक्षिणी स्पेन के अंडालूसी रोमा (जिप्सियों) के साथ जुड़ा हुआ है। (वहां, रोमा लोगों को गीतांश Gitanos कहा जाता है।) फ्लेमेंको की जड़ें, हालांकि कुछ रहस्यमय हैं, अधिकतर लोगों के मुताबिक 9 वीं और 14 वीं शताब्दी के बीच स्पेन में राजस्थान (उत्तर पश्चिम भारत) के लोगों का प्रवास बताया जाता है। ये प्रवासी अपने साथ वाद्ययंत्र जैसे तंबूरा, घंटियाँ, और लकड़ी के पात्र, और गीतों और नृत्यों का एक व्यापक प्रदर्शन करते हैं।

4. ब्रेक डांस (Break Dance) – बी-बॉइंग जिसे “ब्रेकडांस” के नाम से जाना जाता है, सड़क नृत्य की एक लोकप्रिय शैली है, जिसकी रचना और विकास अफ्रीकी-अमेरिकी लोगों के मध्य हिप-हॉप संस्कृति (सड़क संस्कृति) के एक भाग के रूप में हुआ और बाद में यह न्यूयार्क शहर के लैटिन युवाओं के बीच लोकप्रिय हो गया। इस नृत्य के चार प्रमुख तत्व है - टॉपरॉक, डाउनरॉक, पावर मूव और फ्रीज़/सुसाइड।

5. बेली नृत्य (Belly Dance) - बेली डांस परंपरागत मध्य पूर्वी नृत्य, विशेषकर रक़्स शर्क़ी का एक पश्चिम में गढ़ा हुआ नाम है। पश्चिम में इसे कभी-कभी मध्य पूर्वी नृत्य या अरबी नृत्य भी कहा जाता है या इसे ग्रीको-तुर्की शब्द çiftetelli (सिफ्टेटेली) के रूप में भी जाना जाता है। बेली डांस" शब्द फ्रांसीसी "डेंस ड्यू वेंत्रे (danse du ventre)" का एक अनुवाद है जिसे विक्टोरियन युग में नृत्य के लिए प्रयोग किया गया था। यह कुछ हद तक एक मिथ्या नाम है क्योंकि इस नृत्य में शरीर का हर हिस्सा हरकत करता है; इसमें कूल्हे का उपयोग आमतौर पर सबसे अधिक किया जाता है। बेली नृत्य देश और क्षेत्र के आधार पर पोशाक और नृत्य शैली दोनों के मामले में कई अलग-अलग रूपों में होता है और क्योंकि इसकी लोकप्रियता दुनिया भर में फ़ैल गयी है, पश्चिम में इसकी नई शैलियां विकसित की गयी हैं। हालांकि इस नृत्य के समकालीन रूपों का प्रदर्शन आम तौर पर महिलाओं द्वारा किया जाता रहा है।

6. टैंगो नृत्य (Tango Dance) - टैंगो नृत्य और टैंगो संगीत रियो डी ला प्लाटा क्षेत्र में शुरू हुआ और उसके बाद बहुत जल्द सारी दुनिया में फैल गया। पहले टैंगो को टैंगो क्रियोल्लो या सिर्फ टैंगों के नाम से जाना जाता था। आज कई तरह की टैंगो नृत्य शैलियां हैं, जिनमें अर्जेण्टीनी टैंगो, उरुग्वे टैंगो, बॉलरूम टैंगो (अमेरिकी और अंतर्राष्ट्रीय शैलियां), फ़िनिश टैंगो और विंटेज टैंगो शामिल हैं। अनेक लोगों द्वारा प्रामाणिक टैंगो मान जाने वाला नृत्य अर्जेंटीना और उरुग्वे में किए जा रहे मूल नृत्यों के काफी करीब पाया गया है, हालांकि टैंगों की अन्य शैलियों ने भी अपने आप को परिपक्व नृत्य के रूप में विकसित किया है।

7. काबुकी नृत्य (Kabuki Dance) - जापान की खूबसूरती जितनी अद्भुत है, उतनी ही अद्भुत है वहां की संस्कृति, जो लोगों का मन मोह लेती है। नृत्य हो या मार्शल आर्ट्स। संगीत हो या पारंपरिक खानपान, सभी एकदम अलग और विशिष्ट होता है। काबुकी एक शास्त्रीय जापानी नृत्य-नाटक है। यह अपनी अनोखी शैली, नृत्य और कलाकारों द्वारा किए गए विस्तृत मेकअप के लिए जाना जाता है। शब्द काबुकी, कबाबू से लिया गया है, जिसका अर्थ है 'दुबला होना' या 'सामान्य से बाहर होना'। इसी तर्ज पर काबुकी को 'विशिष्ट' या 'विचित्र' कला से जोड़ा जाता है। इस कला से जुड़े कलाकारों के लिए 'काबुकीमोनो' शब्द का प्रयोग होता है। इस अद्भुत नृत्य नाटक का इतिहास वर्षों पुराना है। वर्ष 1603 में काबुकी का इतिहास तब शुरू हुआ, जब इजुमो नो ओकुनी नामक एक महिला ने क्योटो की नदी के किनारे एक नृत्य नाटक की नई शैली का प्रदर्शन किया था।

8. सालसा नृत्य (Salsa Dance) - साल्सा क्यूबा और प्यूर्टो रिको से उत्पन्न एक मिश्रित नृत्य शैली है जो स्पेनिश (यूरोपीय) तथा अफ़्रीकी संस्कृतियों का प्रमुख मूल अमेरिकी समागम है।

साल्सा सामान्य रूप से साथी के साथ किया जाने वाला नृत्य है, हालांकि "सुएल्टा" एवं "रुएडा दे कैसिनो" के रूप में इसके एकल मान्यता प्राप्त प्रारूप भी हैं जिसमे कई जोड़े गोल घूमते हुए अपने साथी बदलते हैं। साल्सा की मुद्राओं में आशुरचना की जा सकती है अथवा इसे एक निश्चित विधि से प्रदर्शित किया जा सकता है। साल्सा पूरे लैटिन अमेरिका के साथ-साथ उत्तरी अमेरिका, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया तथा एशिया और मध्य पूर्व के कुछ देशों में भी लोकप्रिय है। यह तेजी से वैश्विक रूप लेता जा रहा है।

9. सांबा नृत्य (Samba) - सांबा ब्राजीलीय मूल का सांबा संगीत के तहत 2/4 के समय के ताल पर नाचा जाने वाला तालबद्ध एक जीवंत नृत्य है। हालांकि, हर रोध (बार) में तीन कदम उठाए जाते हैं, जिससे सांबा को यह अनुभव हो कि उसने समय के अंतराल पर नृत्य किया है। इसका मूल मक्सक्सी (Maxixe (कोरो के संगीत पर नाचा जाने वाला ब्राजीलीय नृत्य टांगो) से जुड़ा है।

19 वीं सदी में इसके सूत्रपात के समय से ही सांबा संगीत ताल पर ब्राजील में नृत्य किया जाता रहा है। वास्तव में सांबा कोई एक विशेष प्रकार की नृत्य शैली नहीं बल्कि नृत्यों का एक पूरा सेट है, जो ब्राजील में दृश्यगत होता है, अतः किसी एक विशेष नृत्य को "मूल" सांबा शैली के रूप में निश्चितता के साथ दावा नहीं किया जा सकता है।

10. भांगड़ा (Bhangra Dance) - भांगड़ा एक जीवंत लोक संगीत व लोक नृत्य है जो पंजाब से शुरू हुआ है। बैसाखी के समय फ़सल कटाई का अनुष्‍ठान करते समय लोग परंपरागत रूप से भांगड़ा करते हैं। भांगड़ा की शुरुआत फ़सल कटाई के उत्‍सव के रूप में हुई, परन्‍तु आगे चलकर यह विवाह तथा अन्य समारोहों का भी अंग बन गया। पिछले 30 वर्षों के दौरान भांगड़ा की लो‍कप्रियता में विश्‍व भर में वृद्धि हुई है। पंजाब में महिलाओं द्वारा किया जाने वाला नृत्‍य गिद्दा कहलाता है।

सन्दर्भ:-
1. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%AC%E0%A5%88%E0%A4%B2%E0%A5%87
2. https://www.kibin.com/essay-examples/a-report-on-bollywood-dance-pPgOLhWj
3. https://www.britannica.com/art/flamenco
4. https://www.amarujala.com/bizarre-news/weird-stories/japanese-classical-dance-drama-kabuki-has-roots-in-edo-period
5. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%9F%E0%A5%88%E0%A4%82%E0%A4%97%E0%A5%8B_(%E0%A4%A8%E0%A5%83%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%AF) 6. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%AC%E0%A5%80_%E0%A4%AC%E0%A5%8B%E0%A4%87%E0%A4%82%E0%A4%97
7. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B2%E0%A5%80_%E0%A4%A1%E0%A4%BE%E0%A4%82%E0%A4%B8
8. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%8D%E0%A4%B8%E0%A4%BE_(%E0%A4%A8%E0%A5%83%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%AF)
9. https://hi.wikipedia.org/wiki/%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%82%E0%A4%AC%E0%A4%BE_(%E0%A4%AC%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%9C%E0%A5%80%E0%A4%B2%E0%A5%80%E0%A4%AF_%E0%A4%A8%E0%A5%83%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%AF)
10.


RECENT POST

  • सबसे विचित्र मिट्टी के पात्रों में से एक हैं, जोमोन (Jomon) काल में बनाये गये मिट्टी के पात्र
    द्रिश्य 3 कला व सौन्दर्य

     29-11-2020 08:13 PM


  • ट्री शेपिंग (Tree Shaping) कला के माध्यम से उगाये जा रहे हैं पेड़ों से फर्नीचर (Furniture)
    पेड़, झाड़ियाँ, बेल व लतायें

     28-11-2020 09:10 AM


  • इत्र में सुगंध से भरपूर गुलाब का सुगंधित पुनरुत्थान
    गंध- ख़ुशबू व इत्र

     27-11-2020 10:14 AM


  • रोम और भारत के बीच व्यापारिक सम्बंधों को चिन्हित करती है, पोम्पेई लक्ष्मी की हाथीदांत मूर्ति
    द्रिश्य 3 कला व सौन्दर्य

     26-11-2020 09:54 AM


  • कहाँ खो गए तलवार निगलने वाले कलाकार?
    द्रिश्य 2- अभिनय कला

     25-11-2020 10:39 AM


  • बौद्ध धर्म के ग्रंथों में मिलता है पृथ्वी के अंतिम दिनों का रहस्य
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     24-11-2020 09:02 AM


  • भक्तों की आस्था के साथ पर्यटन का मुख्य केंद्र भी है, त्रिलोचन महादेव मंदिर
    वास्तुकला 1 वाह्य भवन

     23-11-2020 08:48 AM


  • ब्रह्मांड के सबसे गहन सवालों का उत्तर ढूंढ़ने के लिए बनाया गया है, लार्ज हैड्रॉन कोलाइडर
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     22-11-2020 10:52 AM


  • जौनपुर में ईस्‍लामी शिक्षा का इतिहास
    ध्वनि 2- भाषायें

     21-11-2020 08:33 AM


  • क्यों भारत 1951 शरणार्थी सम्मेलन का हिस्सा नहीं है?
    सिद्धान्त 2 व्यक्ति की पहचान

     20-11-2020 09:29 PM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.

    login_user_id