रोगमुक्क्त जीवन के लिए लाभकारी "योग"

जौनपुर

 18-08-2018 12:19 PM
विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

हर मनुष्य की यही प्रबल इच्छा रहती है कि उसका शरीर निरोग्‍य रहे और वो दीर्घआयु हो। यदि हम अपने स्वास्थ्य को बनाये रखना चाहते हैं और अपनी आयु को बढ़ाना चाहते हैं तो इसके दो उपाय हैं, आहार और व्यायाम यानि की योग।

शुरुआती अभ्यासी अक्सर योग को कठिन समझते हैं, और कभी-कभी अभ्यासी योग से पुर्व ही चिंतित हो जाते हैं कि: "मैं तो झुक ही नहीं सकता, तो भला मैं योग के अंगों को मोड़ने वाले आसनों को कैसे कर सकता हूं?" योग आपके अंगों को मोड़ना नहीं है यह आपको अपनी सांस, शरीर और मन का उपयोग करके आपको साथ जोड़ने की एक सरल प्रक्रिया है, और यह आसान और सरल है। तो, अगर आप मोटे हैं, या लचीले नहीं हैं, या 30-40 साल की उम्र के पढ़ाव पर हैं, तो कोई दिक्कत नहीं है, बस योग अभ्यास से पहले सभी मिथकों को हटा दें।

यदि आप योग करनें की शुरुआत कर रहे हैं तो अपने लचीलेपन, सहनशक्ति और संतुलन को ध्यान में रखते हुए योग की शुरुआत हमेशा धीरे-धीरे और आसान आसनों से ही करें। हम आपको 12 योगा आसनों के बारे में बताऐंगे जिन्हें शुरुआती अभ्यासी आसानी से कर सकते हैं।
1. ताड़ासन:- ताड़ासन योग का एक मूलभूत आसन है। यह आसन शारीरिक और मानसिक संतुलन विकसित करता है और साथ साथ घुटनों, टखनों को मजबूत करता।
2. उत्तानासन:- इसे हस्तपादासन के नाम से भी जानते हैं, यह आसन रक्त परिसंचरण में सुधार करता है और गुर्दे, यकृत, और पाचन तंत्र को उत्तेजित करता है।
3. वीरभद्रासन 1:- यह आसन छाती, फेफड़ों, कंधे और पेट में खींचाव लाता है और आपकी पीठ की मांसपेशियों को मजबूत करता है।
4. अधोमुख श्वान आसन:- इस योगासन को करने की प्रक्रिया बहुत आसान है, इसमें अपने शरीर से उल्टा v-आकार बनाना पड़ता है। यह पूरे शरीर को शक्ति प्रदान करता है।
5. वृक्षासन:- यह आसन वृक्ष की शांत एवं स्थिर अवस्था को दर्शाता हैI यह मस्तिष्क में स्थिरता और संतुलन तथा एकाग्रता बढ़ाने में सहायक हैI
6. भुजंगासन:- भुजंगासन फन उठाए हुएँ साँप की भाँति प्रतीत होता है, इसलिए इस आसन का नाम भुजंगासन है। यह कंधे और गर्दन को तनाव से मुक्त करता है तथा पेट के स्नायुओं को मज़बूत बनाता है।
7. मार्जरासन:- यह आसन रिड की हड्डी को लचीला बनाता है, रक्त प्रवाह बढ़ाता है तथा मन को शांत करता है।
8. बालासन:- बालासन में हम एक शिशु की तरह वज्र आसन लेकर हाथों और शरीर को आगे की ओर झुकाते हैं। यह तंत्रिका तंत्र को शांत करता है और रक्त परिसंचरण में सुधार करता है।
9. सेतुबंधासन:- इस आसन में शरीर सेतु (Bridge) के समान आकार में हो जाता है और यह पीठ की मासपेशियों को मज़बूत बनाता है।
10. बद्ध कोणासन:- इस स्थिति को तितली आसन भी कहा जाता है। इसमें दोनों पावों के तलवों को जननांगों के पास, हाथों की मदद से पकड़ कर, एक विशेष कोण में साथ रखा जाता है।
11. सुप्त मत्स्येन्द्रासन:- यह आसन निष्क्रिय पाचन, दर्द और पीड़ा से राहत देता है। यह आपके आंतरिक अंगों की मालिश कर के उन्हें मजबूत बनाता है।
12. श्‍वासन:- इसमें एक मृत शरीर के समान आकार लिया जाता है और अधिकांश पूरे योगासन क्रम के पश्चात किया जाता है। इसमें शरीर तनाव से मुक्त हो जाता है।

संदर्भ:

1.https://www.stylecraze.com/articles/basic-yoga-asanas-for-beginners/#gref
2.https://india.curejoy.com/content/yoga-asanas-for-beginners/
3.https://www.sivananda.org/teachings/asana/12-basic-asanas.html



RECENT POST

  • बिजली उत्पादन में कोयले और थर्मल पावर प्लांट की भूमिका
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     18-01-2019 12:38 PM


  • भूकंप की स्थिति में क्या होनी चाहिए हमारी प्रतिक्रिया?
    भूमि प्रकार (खेतिहर व बंजर)

     17-01-2019 01:53 PM


  • थ्री-डी प्रिण्टिंग का तकनीक जगत में विकास
    संचार एवं संचार यन्त्र

     16-01-2019 12:14 PM


  • दस्तावेजों को संरक्षित करने के लिए “डिजिलॉकर एप”
    संचार एवं संचार यन्त्र

     15-01-2019 12:06 PM


  • भारत के विभिन्‍न राज्‍यों में मकर संक्रांति के अलग अलग रंग
    विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

     14-01-2019 11:43 AM


  • मस्तक नहीं झुकेगा
    ध्वनि 2- भाषायें

     13-01-2019 10:00 AM


  • कलम या पेन का सुहाना सफर
    वास्तुकला 2 कार्यालय व कार्यप्रणाली

     12-01-2019 10:00 AM


  • बेहतर करियर का एक अच्‍छा विकल्‍प इवेंट मैनेजमेंट
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     11-01-2019 12:00 PM


  • क्या है आयकर तथा किसे और क्यों करना चाहिए इसका भुगतान
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     10-01-2019 11:31 AM


  • ऑनलाइन पैसा भेजने से पहले जान लें क्या है RTGS, NEFT और IMPS
    संचार एवं संचार यन्त्र

     09-01-2019 12:50 PM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.